आप हो जाए मुख़ातिब ख़ुद से आप हो जाए मुख़ातिब ख़ुद से... हम तो अपनी ही नज़रों में गिरे हुए है... किस ख़ुदा से शिकायत करे... हम ने ही दर्द बनाया था अब उस में घिरे हुए है... जिस तरफ़ से दरारे हो गयी थी... यादों के नाज़ुक धागों से दिल सिले हुए है... पल में कोई , दूजे पल में कोई और... दिल मे आज भी है कुछ अपनेे पराए हुए है... राहे भी न देखी बस चलते रहे थे... इश्क़ की कतारों में दिल ग़म-ए-लबेज़ हुए है... होश में थे नही मगर बेहोश भी न थे... जितने भी देखे लोग मैं ने सब सर फिरे हुए है... आप हो जाए मुख़ातिब ख़ुद से... हम तो अपनी ही नज़रों में गिरे हुए है... ~Avim
दीपावली ( माँ ) | Happy Diwali | Happy Diwali 2022 | Diwali 2022 | Diwali vibes | Diwali fun Happy Diwali कल फिर एक बार किसी का घर रोशन दिखाई दिया... जायज सी बात है घर मे खुशियां बोहोत होगी... हर कोने में एक दिया था... हर कोने से उजाला था... रसोई में कुछ बन रहा था... मीठा से पकवान था... हर तरफ महक ती ख़ुशबू थी... उसे खाने को जी चाह रहा था... खुश-नुमा थे लोग जैसे कोई अपना सा हो... परिवार में उनके शामिल होने को मन चाह रहा था... दादा-दादी थे मौजूद , दो-तीन छोटे बच्चे थे और थे उनके माता पिता... न जाने कोन उनमे सब से ख़ुश होगा जो अपनी ज़ि…
एक तेरे ही चेहरे को... बे-खबर ये दिल अब सो नही पाता... बे-चैन इस कदर इंतेज़ार में तेरे अब ठीक से रो नही पाता... मंज़िल तू मेरी, उसी जगह पर तेरे इंतेज़ार में हूं... जहां मुलाक़ात होती थी हमारी... करवट ने रुख ऐसा मोड़ा ही क्यूँ... अब ठीक से जी नही पाता... जुदाई तेरे प्यार की मैं सेह नही पाता... तू तो दिल है मेरा, बिन तेरे ठीक से मैं धड़क नही पाता... तेरी बाहों में तो घर है मेरा... इस दुनिया मे अब रेह नही पाता... बिन पता तेरे, अब भी तुझे तलाश ता हूं... तुझे जितने की उम्मीद है... ...इंशाअल्लाह... जब भी यहां से निकलता हू…
Shayari श्रुंखला 2 पढ़िए बेहतरीन शायरी और कवितायेँ हमारे ब्लॉग पर। अपने पसंदीदा लोगो को, अपने दोस्तों और अपने प्रेमी को शेयर करना बिलकुल भी ना भूले। नयी पोस्ट के updates के लिए आप हमारे Instagram पेज पर फॉलो कर सकते है । आप इस साइट को भी फॉलो कर सकते है । नाज़ुक सा उसका हाथ पकड़ कर... ज़रा सी मोहब्बत मैं भी कर लू... बोहोत कर ली मोहब्बत... आंखों से चेहरा देख कर... Shayari photo वो रुख़सत क्या हुए दिल से... सारा का सारा शहर बे-गाना सा हो गया... जब थे मौजूद तो जहां थे मेरा फिर वोपल... आ ही गया जब इश्क़…
Avim Shayari वक़्त वक़्त की बात है ज़माना गुज़रा हालात बदले है बदलते मौसम ने दिशाएं बदली हालातों ने ज़माना बदला है याद करके राखी थी ज़हन में आज उतार दी तो तस्वीर बदली है प्यासी नज़रो ने तेरी होंटो को देखा नियत पर तूने शक क्या किया नजरिया बदला है बात तो ठीक थी मेरी नियत भी कुछ गलत नहीं प्यास भी कोई बुझी नहीं मोहब्बत जिस से की उसने मोहब्बत बदली है | Avim | Shayari श्रृंखला 1 | Click Here🕹| Teri baahon ke bina- तेरी बाहों के बि ना Shayari - Jab tum chahogi …
उसे क्या ख़बर उसके दिए हुए मेरे पास आंसू भी है... हर बहते आंसू के बूंदो पर नाम उसका " Kaayar " भी है... वो मशहूर है अपनी दुनिया मे बोहोत मग़रूर भी है... उसका नाम उतारता किसी नज़्म में ये " Shayar " भी है... उम्दा थी जुबाँ उनकी अब लोगों की बातों में भी है... मिलाकर देखी जब बातें पुरानी तो समझा वो " Liar " भी है... अब ना ग़ुरूर बचा ना बची इज़्ज़त ज़िंदा फिर भी है... दिल मेरा तेरे लिए देख ले औदा मेरा " Higher " भी है... Av…
#quote #englishquote #english #lovequotes #Avim I am so lucky that you took me for granted Is that how you think of me as full of yours ~Avim She left me Felt World abandoned me Realised I got myself "Improve yourself well enough to love yourself again" Wish to draw you Mind thinks you ...
मैं तुम्हे चाहूंगा कितना तुम्हे अंदाज़ा नहीं... मै तुम्हारे लिए तड़पूँगा कितना तुम्हे अंदाज़ा नहीं... कभी फुरसत मिले तो आ जाना मेरी मज़ार पर... एहसास होगा तुमको तुम्हारे साथ हूँ मैं ज़मीन के अंदर नहीं... Mai tumhe chahunga kitna tumhe andazaa nahi... Mai tumhare liye tadpunga kitna Tumhe andazaa nahi... Kabhi fursat mile toh aa jaana Meri majaar par... Ehsaas hoga tum ko... Tumhare sath hun mai... Zameen ke an-dar nahi... ~Avim .…
कुछ ही दूरी पर हम दोनों बैठे थे... वो कही और देख रही थी और मैं कहीं और देख रहा था... खुशी की बात ये थी के वो मुझे सोच रही थी और मैं उसे... एक एहसास मुझे हुआ और शायद उसे भी... के अब एक दूसरे की और देखा जाएं... तो देखने का मन बना लिया... जब देखा तो पहली नज़र मिलते ही मुह फेर लिए और दोनों के चेहरे पर मुस्कान सी आ गई... फिर दिल मे एक एहसास आया शायद मुझे भी और उसे भी... के फिरसे दुसरी नज़र मिलाई जाए... फिर दूसरी नज़र मिलाई... फिर एक दूसरे को देख कर मुह फेर लिए... और …
पूरी शायरी कविता यहाँ पर पढ़े ... ✔ afsos hai sirf ab koi farz nahi... #HindiPoetry #HindiKavita #Afsos #Shayari #Avim
Social Plugin